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Dec 15 06 1:02 PM

QUOTE (masoomshayer @ August 16, 2006 09:09 pm)

वक़्त-ए-सफ़र कब साथ साथ आने की बात थी
इस प्यार को फसलों से निभाने की बात थी

kya baat kahi hai !!

मत कहो ग़म-ए-हिज़र किस्मत की बात है
किस्मत में जो लिखा है मिटाने की बात थी

too gud

हर किसी से हर कहीं जो राज़ कह दिया
कानो मैं मुझ को आ के बताने की बात थी

Wah!!!

इश्क़ में जी सकेगा तू ना मौत ही मिलेगी
याद आती है ये किसी सायाने की बात थी

Bahut ache!!!

तय हुआ प्यार फ़कत हासिल-ए-प्यार नहीं
कुछ खोने की बात थी ना पाने की बात थी

Ya baat khub kahi!!!

मेरे पूरजूनून बयान पे ना ऐतबार करना
मेरी तो हर बात किसी दीवाने की बात थी
Well done!!!
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Bahut achi gazal kahi hai Anil sahab!! dili dad kabool kariyega!!